📘 कर्मयोग (Hindi)
🕉️ कर्म • कर्तव्य • आत्मोन्नति की राह
“कर्मयोग” भारतीय दर्शन की उस महान परंपरा को प्रस्तुत करता है,
जो सिखाती है कि
सफलता और शांति का मार्ग
निस्वार्थ कर्म से होकर जाता है।
यह पुस्तक बताती है कि
जब मनुष्य फल की चिंता छोड़कर
कर्तव्य को पूर्ण समर्पण से निभाता है,
तभी वह भीतर से मुक्त और शांत होता है।
सरल और स्पष्ट हिंदी में लिखी यह कृति
आध्यात्मिक चिंतन और व्यावहारिक जीवन—दोनों के लिए उपयोगी है।
✨ इस पुस्तक में क्या मिलेगा?
✔ कर्मयोग की मूल अवधारणाओं की सरल व्याख्या
✔ जीवन में संतुलन और आत्मिक शांति का मार्ग
✔ कर्तव्य और अनुशासन का महत्व
✔ निस्वार्थ सेवा की प्रेरणा
✔ आध्यात्मिक साधकों और छात्रों के लिए उपयोगी मार्गदर्शन
💡 यह पुस्तक सिखाती है—
कर्म ही योग है, और योग ही जीवन का संतुलन।
👉 आज ही पढ़ें और
अपने हर कार्य को
आध्यात्मिक उन्नति का माध्यम बनाइए। 🌿📚







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